Breaking News

घातक मारक क्षमता और अचूक निशाने के कारण लूटी गईं थ्री नॉट थ्री-इंसास रायफल

पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल की रैलियों में अशांति फैलाने के लिए खालिस्तान लिब्रेशन फोर्स ने सरकारी हथियार यूं ही नहीं लूटे। एक खास वजह है इन हथियारों की दूर तक मारक क्षमता और अचूक निशाना। केएलएफ समर्थकों को यह बात पता थी कि बादल की रैलियों में सुरक्षा भेदकर हथियार सहित घुसना आसान नहीं है। इसलिए उनकी प्लानिंग एक-डेढ़ किलोमीटर दूर से ही रैलियों को निशाना बनाने की थी।

पुलिस विभाग में थ्री नॉट थ्री राइफल का इतिहास करीब 161 साल पुराना है। 1857 से पहले अंग्रेज इस राइफल से युद्ध करते थे। बाद में यह पुलिस के पास आ गई। थ्री नॉट थ्री पुरानी हुई तो पुलिस को इंसास राइफल दी गई। अगर निशाना लगाकर वार किया जाए तो दोनों ही राइफल घातक साबित हो सकती हैं। वरिष्ठ पुलिस अधिकारी बताते हैं कि थ्री नॉट थ्री और इंसास रायफल से करीब डेढ़ किलोमीटर दूर से निशाना साधा जा सकता है। यदि कोई रैली हो रही है और अपराधी को ऊंची बिल्डिंग मिल जाए तो वह उस पर बैठकर अपने मंसूबों को अंजाम दे सकता है। पुलिस हथियारों के सापेक्ष सभी तरह की पिस्टलों की मारक क्षमता 25 से 50 मीटर तक होती है। सूत्रों के मुताबिक, सिर्फ इन्हीं खासियतों की वजह से खालिस्तान लिब्रेशन फोर्स के समर्थकों ने अशांति फैलाने के लिए इन हथियारों को लूटा। वह सरकारी हथियारों की मारक क्षमता से अच्छी तरह वाकिफ थे।

खालिस्तान समर्थक जर्मन की तलाश में एटीएस का भी डेरा

झिंझाना थानाक्षेत्र के गांव रंगाना राइफल लूटकांड के तीन आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद पंजाब में खालिस्तान समर्थकों का हाथ होने और उनके खतरनाक मंसूबों का खुलासे होने के बाद एजेंसियां सक्रिय हो गई हैं। लूटकांड के मास्टरमाइंड खालिस्तान समर्थक जर्मन सिंह की तलाश में पंजाब की तीन टीमों के साथ ही लखनऊ से एटीएस और आईबी ने भी डेरा डाल दिया। टीमें अपने स्तर से जर्मन सिंह और उसके लिंक की तलाश में लगी हैं।

दस वर्ष की उम्र में ग्रंथी चला गया था पंजाब

गुरुद्वारे में हथियारों को छुपाने में मदद करने वाला गुरुद्वारे का ग्रंथी करम सिंह बचपन से ही दिव्यांग है। मात्र दस वर्ष की आयु में करम सिंह पंजाब में गुरुद्वारे में पहुंच गया था। उसने केवल कक्षा दस तक पढाई की है। वह करीब दस साल बाद वापस गांव लौटा व गांव के ही गुरुद्वारे में ग्रंथी बन गया। पिछले पांच साल से गुरुद्वारे में ही रह रहा है।

loading...
loading...

Check Also

10 रुपये की साड़ी मिलने से मॉल में भगदड़, लोगों का सामान चोरी

दुनिया में कहीं भी सेल लगी हो और भीड़ न हो, ऐसा कभी हो सकता ...